Friday, 02 October 2026 | Lucknow | 29°C

चंद्रशेखर आजाद की बढ़ीं कानूनी मुश्किलें, 8 साल पुराने मारपीट केस में गैर जमानती वारंट

गाजियाबाद की एमपी-एमएलए विशेष अदालत ने 2018 के मारपीट और गाली-गलौज मामले में गैर जमानती वारंट जारी किया। शिकायत साहिबाबाद के एक बैंक्वेट हॉल में आयोजित सगाई समारोह से जुड़ी है।
Bureau
Bureau News Desk
02 Oct 2026
08:13 PM
1 min read
चंद्रशेखर आजाद की बढ़ीं कानूनी मुश्किलें, 8 साल पुराने मारपीट केस में गैर जमानती वारंट
हाइलाइट्स
गाजियाबाद की एमपी-एमएलए विशेष अदालत ने चंद्रशेखर आजाद के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया।
मामला वर्ष 2018 में दर्ज मारपीट और गाली-गलौज की शिकायत से जुड़ा है।

उत्तर प्रदेश के एक पुराने मामले में अदालत की कार्रवाई ने एक बार फिर राजनीतिक और कानूनी हलकों का ध्यान खींचा है। मामला एक ऐसे सगाई समारोह से जुड़ा है, जो करीब आठ साल पहले आयोजित हुआ था। उस दौरान हुई एक घटना को लेकर दर्ज मुकदमा लंबे समय से न्यायालय में विचाराधीन है। अब इस मामले में अदालत ने नया आदेश जारी किया है, जिसमें वारंट के साथ संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई भी शामिल है।

गाजियाबाद की एमपी-एमएलए विशेष अदालत ने नगीना से सांसद और आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद के खिलाफ करीब आठ साल पुराने मारपीट और गाली-गलौज मामले में दोबारा गैर जमानती वारंट जारी किया है। अदालत ने मामले में संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई के आदेश भी दिए हैं। यह मुकदमा वर्ष 2018 में दर्ज हुआ था और तब से न्यायालय में विचाराधीन बताया जा रहा है। मामले में शिकायतकर्ता धर्मेंद्र हैं। उनकी शिकायत के आधार पर चंद्रशेखर आजाद और उनके साथियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।

यह मामला गाजियाबाद के साहिबाबाद थाना क्षेत्र स्थित वृंदावन गार्डन के एक बैंक्वेट हॉल में आयोजित सगाई समारोह से जुड़ा है। जानकारी के अनुसार, वर्ष 2018 में यहां एक सगाई समारोह आयोजित किया गया था। शिकायतकर्ता धर्मेंद्र के अनुसार, इस समारोह में चंद्रशेखर आजाद भी पहुंचे थे। शिकायत में आरोप लगाया गया कि समारोह के दौरान धर्मेंद्र के साथ गाली-गलौज और मारपीट की गई। इस शिकायत के आधार पर चंद्रशेखर आजाद और उनके साथियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। मामले में लगाए गए आरोप न्यायालयी कार्यवाही का विषय हैं। इन आरोपों के संबंध में अंतिम न्यायिक स्थिति अदालत की आगे की कार्यवाही से स्पष्ट होगी।

ये खबर भी पढ़े - मुजफ्फरनगर से लापता युवती गाजियाबाद कचहरी से बरामद, कोर्ट मैरिज से पहले युवक फरार

वर्ष 2018 में दर्ज हुए इस मामले को करीब आठ साल हो चुके हैं। इस दौरान मुकदमा न्यायालय में विचाराधीन रहा। अब गाजियाबाद की एमपी-एमएलए विशेष अदालत ने चंद्रशेखर आजाद के खिलाफ दोबारा गैर जमानती वारंट जारी किया है। अदालत की ओर से संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई के आदेश भी दिए गए हैं। इस तरह मामले में न्यायालय की ओर से वारंट और कुर्की से संबंधित कार्रवाई के निर्देश सामने आए हैं।

गैर जमानती वारंट अदालत की ओर से जारी किया जाने वाला ऐसा आदेश है, जिसके तहत संबंधित व्यक्ति को न्यायालय के समक्ष पेश कराने की प्रक्रिया अपनाई जाती है। यह वारंट सामान्यतः उस स्थिति में जारी किया जाता है, जब अदालत किसी व्यक्ति की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए कानूनी आदेश देती है। गैर जमानती वारंट जारी होने का अर्थ दोषसिद्धि नहीं होता। मामले में आरोपों का निपटारा न्यायिक प्रक्रिया के तहत किया जाता है।

संपत्ति कुर्की एक कानूनी प्रक्रिया है, जिसके तहत न्यायालय के आदेश के अनुसार संबंधित व्यक्ति की संपत्ति पर कानूनी कार्रवाई की जाती है। इस मामले में अदालत ने संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई के आदेश दिए हैं। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में संपत्ति की पहचान, मूल्य या कुर्की की कार्रवाई पूरी होने की स्थिति का विवरण नहीं दिया गया है। इसलिए अदालत के आदेश और उसके वास्तविक क्रियान्वयन को अलग-अलग समझना जरूरी है।

मामले की शुरुआत शिकायतकर्ता धर्मेंद्र की ओर से की गई शिकायत से हुई थी। शिकायत के अनुसार, सगाई समारोह के दौरान उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज की घटना हुई थी। शिकायत के आधार पर चंद्रशेखर आजाद और उनके साथियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद मामला न्यायालय पहुंचा और लंबे समय से विचाराधीन रहा। वर्तमान में अदालत की ओर से जारी गैर जमानती वारंट और संपत्ति कुर्की के आदेश इस मामले के प्रमुख घटनाक्रम हैं।

Explore Related Topics

चंद्रशेखर आजाद चंद्रशेखर आजाद न्यूज गाजियाबाद कोर्ट चंद्रशेखर आजाद के खिलाफ वारंट गैर जमानती वारंट संपत्ति कुर्की आदेश 2018 मारपीट केस नगीना सांसद आजाद समाज पार्टी एमपी एमएलए कोर्ट साहिबाबाद मारपीट

 

टिप्पणियाँ

टिप्पणी करने के लिए लॉगिन करें

इस खबर को खबर पढ़ने के लिए आपका धन्यवाद

ऐसी ही खबरों के लिए निचे स्क्रॉल करें

या होम पेज पर लेटेस्ट न्यूज़ पढ़ने के लिए क्लिक करें →

Related News