>गोरखपुर - पूर्वांचल को आधुनिक बुनियादी ढांचे की दिशा में एक बड़ी सौगात मिली है। एनएच-27 पर बोक्टा से सहजनवां तक बनने वाला एलिवेटेड फ्लाईओवर अब हकीकत बनने जा रहा है। इस ऐतिहासिक परियोजना को केंद्र सरकार की सैद्धांतिक मंज़ूरी मिल चुकी है।
>लगभग 700 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस मेगा फ्लाईओवर से गोरखपुर और सहजनवां के बीच यातायात सुगम, सुरक्षित और तेज़ होगा। साथ ही क्षेत्र की आर्थिक, औद्योगिक और सामाजिक प्रगति को नई रफ्तार मिलेगी।
>निर्माण के लिए DPR तैयार, प्रक्रिया शुरू
>यह जानकारी स्वयं केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने गोरखपुर के सांसद रवि किशन शुक्ला को पत्र लिखकर दी। पत्र में उल्लेख किया गया है कि इस परियोजना की डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार करने के लिए सलाहकार नियुक्त कर दिए गए हैं, और जल्द ही निर्माण की प्रक्रिया भी प्रारंभ की जाएगी।
>इस फ्लाईओवर से होंगे ये 5 बड़े फायदे:
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ट्रैफिक जाम और सड़क दुर्घटनाओं में भारी कमी
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गोरखपुर-सहजनवां के बीच तेज़, सुरक्षित और बिना रुकावट आवागमन
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स्थानीय व्यापार, उद्योग और निवेश को बढ़ावा
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पर्यटन और शिक्षा संस्थानों तक बेहतर कनेक्टिविटी
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लोगों के जीवन स्तर और समय की बचत में सुधार
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>सांसद और विधायक की मेहनत लाई रंग
>इस परियोजना को मंजूरी दिलाने में गोरखपुर के लोकप्रिय सांसद रवि किशन शुक्ला और सहजनवां के विधायक प्रदीप शुक्ला की मेहनत और निरंतर प्रयास सराहनीय रहे। सांसद रवि किशन ने इस सफलता पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार जताते हुए कहा: "यह फ्लाईओवर सिर्फ एक निर्माण नहीं, बल्कि पूर्वांचल की विकास यात्रा का एक अहम पड़ाव है। ये मेरे संसदीय क्षेत्र के लिए मेरा संकल्प है जो अब आकार ले रहा है।"
>पूर्वांचल की अर्थव्यवस्था को मिलेगा नया बल
>यह एलिवेटेड कॉरिडोर भविष्य में पूर्वांचल की अर्थव्यवस्था, शिक्षा, परिवहन और रोजगार के लिए मील का पत्थर साबित होगा। यह परियोजना सिर्फ गोरखपुर ही नहीं, बल्कि समूचे क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा से जोड़ेगी।
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