गोरखपुर में रेबीज संक्रमित गाय की मौत से फैली दहशत: पंचामृत पी चुके 200 ग्रामीणों की बढ़ी चिंता, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट

Gorakhpur News: गोरखपुर के रामडीह गांव में रेबीज संक्रमित गाय की मौत के बाद हड़कंप मच गया है। धार्मिक अनुष्ठान में उसी गाय के कच्चे दूध से बना पंचामृत पी चुके लगभग 200 ग्रामीणों में अब दहशत फैल गई है।
News Desk 19 Nov 2025, 05:46 PM 1 min read
गोरखपुर में रेबीज संक्रमित गाय की मौत से फैली दहशत: पंचामृत पी चुके 200 ग्रामीणों की बढ़ी चिंता, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट


>गोरखपुर जिले के दक्षिणांचल क्षेत्र में स्थित उरुवा ब्लॉक के रामडीह गांव में रेबीज संक्रमित गाय की मौत के बाद दहशत का माहौल है। यह भय इसलिए और बढ़ गया है क्योंकि कुछ दिन पहले गांव में आयोजित धार्मिक अनुष्ठान के दौरान उसी गाय के कच्चे दूध से तैयार पंचामृत का सेवन लगभग 200 ग्रामीणों ने किया था। जैसे ही यह बात सामने आई, स्वास्थ्य विभाग और गांव दोनों में खलबली मच गई।


>पिछले दो दिनों के भीतर गाय की मौत के बाद स्थिति बिगड़ती देख ग्रामीणों ने चिकित्सकों से संपर्क किया। जांच में सामने आया कि तीन महीने पहले इस गाय को एक आवारा कुत्ते ने काट लिया था, जिसके बाद उसके व्यवहार में अजीब बदलाव दिखाई देने लगे थे। हालांकि गाय के मालिक सुशील गौड़ ने वैक्सीन तो लगवाई थी, लेकिन जानकारी के अभाव में नियमित इलाज जारी नहीं रखा गया, जिसके चलते बीमारी ने जानवर को अपनी चपेट में ले लिया।


>गांव में आयोजित पूजा-अर्चना के दौरान इस गाय के कच्चे दूध का पंचामृत बनाया गया था, जिसे आस्था के साथ लगभग 200 लोगों ने ग्रहण किया। जैसे ही गाय की मौत का कारण रेबीज होने की पुष्टि हुई, ग्रामीणों में डर फैल गया और स्वास्थ्य केंद्रों पर भीड़ जुटने लगी। गाय पालक सुशील गौड़ ने बताया कि दूध से बने पंचामृत को कई लोगों ने विश्वास के साथ ग्रहण किया था। अब जब बीमारी का खतरा सामने आया, तो गांव में दहशत बढ़ना स्वाभाविक है।


>उरुवा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सक डॉ. ए.पी. सिंह ने बताया कि एहतियात के तौर पर पंचामृत खाने वाले हर व्यक्ति को एंटी-रेबीज वैक्सीन की तीन डोज दी जा रही है। जिसमे पहली डोज तुरंत दी जा रही है और दूसरी डोज उसके तीन दिन बाद और तीसरी डोज सातवें दिन पर दी जाएगी फिलहाल 170 से अधिक ग्रामीणों को पहली डोज लग चुकी है और स्वास्थ्य केंद्र पर भीड़ लगातार बढ़ रही है। डॉक्टरों का कहना है कि अधिकांश ग्रामीण चिंतित हैं, इसलिए सभी को दवा देने की प्रक्रिया तेजी से जारी है।


>

← Previous Story Next Story →

 

टिप्पणियाँ

टिप्पणी करने के लिए लॉगिन करें


Related News

एक ही कमरे में सो रहा था पूरा परिवार, सुबह होने से पहले उजड़ गया घर
पंचर की दुकान, टूटी आर्थिक हालत और 100 करोड़ की कंपनी... गोरखपुर का मामला देखकर अफसर भी रह गए हैरान
392 करोड़ रुपये की लागत, 30 हजार दर्शकों की क्षमता; गोरखपुर में तेजी से बन रहा क्रिकेट स्टेडियम
सीएम योगी करेंगे गोरखपुर अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम का शिलान्यास
गोरखपुर ने AI से बदली बाढ़ प्रबंधन की तस्वीर, 65% तक घटा जलभराव
गोरखपुर में आयोजित हुई निषाद पार्टी की रैली, मछुआ आरक्षण पर उठी मांग
गोरखपुर में एम्स की महिला डॉक्टर से छेड़छाड़, पीछा कर की नस्लीय टिप्पणियां
खेलेगा युवा तो खिलेगा देश - बोले सीएम योगी
गोरखपुर की यातायात व्यवस्था को मिलेगी नई रफ्तार, सीएम योगी देंगे विकास की बड़ी सौगात