एलपीजी गैस के दाम में बड़ी बढ़ोतरी पर मायावती ने जताई चिंता

बसपा प्रमुख बोलीं - महंगाई से जूझ रहे गरीब और मध्यम वर्ग पर पड़ेगा असर।
Bureau 02 May 2026, 06:47 PM 1 min read
एलपीजी गैस के दाम में बड़ी बढ़ोतरी  पर मायावती ने जताई चिंता

 

एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में एकमुश्त बड़ी वृद्धि के बाद राजनीतिक प्रतिक्रियाएं सामने आने लगी हैं। बसपा प्रमुख मायावती ने इस बढ़ोतरी पर चिंता जताते हुए कहा है कि इससे आम जनजीवन पर व्यापक प्रभाव पड़ेगा और लोगों में पेट्रोल-डीजल सहित अन्य पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतें बढ़ने की आशंका भी बढ़ गई है।

 

कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के दाम में शुक्रवार को 19 किलोग्राम वाले सिलेंडर पर 993 रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसे अब तक की सबसे बड़ी वृद्धि माना जा रहा है। इस बढ़ोतरी के बाद राजधानी दिल्ली में कमर्शियल सिलेंडर की कीमत लगभग तीन हजार रुपये के पार पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।

 

मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि देश में कमर्शियल सिलेंडर की कमी के बीच इतनी बड़ी मूल्य वृद्धि की खबरें प्रमुखता से सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि इससे आम जनता में चिंता का माहौल है और यह आशंका बढ़ रही है कि जल्द ही रसोई गैस, पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भी बढ़ोतरी हो सकती है।

 

उन्होंने अपने बयान में कहा, देश में कमर्शियल सिलेंडर की कमी के बीच उसकी कीमत में एकमुश्त 993 रुपये की वृद्धि और उसके आम जनजीवन पर पड़ने वाले प्रभाव से जुड़ी खबरें सभी माध्यमों में प्रमुखता से सामने आ रही हैं। साथ ही लोगों में यह चिंता भी बढ़ी है कि जल्द ही रसोई गैस, पेट्रोल और डीजल सहित अन्य पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतें भी बढ़ सकती हैं।

 

बसपा प्रमुख ने संभावित कारणों का उल्लेख करते हुए कहा कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियां, जैसे अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच तनाव, कीमतों को प्रभावित कर सकते हैं, हालांकि उन्होंने इस पर कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार ने पहले विधानसभा चुनावों के दौरान पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों को नियंत्रित रखा था और ऐसी नीति को वर्तमान समय में भी जनहित में जारी रखना चाहिए।

 

मायावती ने कहा कि महंगाई से पहले ही जूझ रहे गरीब और मध्यम वर्ग के लोगों पर इस तरह की मूल्य वृद्धि का गंभीर असर पड़ सकता है। उन्होंने सरकार से अपील की कि वह नीतिगत फैसले लेते समय इन वर्गों पर पड़ने वाले प्रभाव का आकलन अवश्य करे।

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